मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बोले अयोध्या जैसा इतिहास किसी का नहीं है।अयोध्या को उसका हक मिलना ही चाहिए

नई दिल्ली: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि अयोध्या जैसा इतिहास किसी का नहीं है। अयोध्या में त्योहारों में साफ-सफाई नहीं होती थी लेकिन जब से सरकार हमारी आयी दीपोत्सव के कार्यक्रम की शुरुआत की तब लोगों ने हमें धन्यवाद दिया। 2 सालों में अयोध्या में हमने बहुत बदलाव किए। हमने दीपोत्सव जैसे उत्सव को आयोजन के साथ ये बताया कि अयोध्या ने दीपावली उत्सव दिया है। ये अयोध्या के वासियों के गौरव से जुड़ता है। अब नगर निगम हो या कमिश्नरी सब अयोध्या के नाम से जानेंगे लोग।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार को यहां दिगंबर अखाड़े में श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन के महानायक महंत परमहंस रामचंद्र दास के पुण्यतिथि समारोह को बहुउद्देश्यीय हाल का लोकार्पण करने के बाद संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि अयोध्या में एक नई पहल शुरू होने वाली है। अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण का रास्ता साफ हो हर भारतीय की ये इच्छा है लेकिन बड़े काम के लिए भूमिका भी बड़ी होनी चाहिए।

योगी ने कहा कि पर्यटन को लेकर यूपी सरकार बहुत काम कर रही है। अयोध्या में अगर नदियों में गंदगी होती तो जस्टिस डीपी सिंह की कमेटी रिपोर्ट दे देती। सीएम योगी ने कहा कि परमहंस रामचंद्र दास के प्रति विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं। परमहंस जी का जीवन समाज के लिए समर्पित रहा है। राम जन्म भूमि मुक्ति आंदोलन में परमहंस जी ने अग्रणी भूमिका निभाई। परमहंस जी आजीवन राम के मूल्यों को स्थापित करने का प्रयास करते रहे। लाखों कारसेवकों ने इस आंदोलन के प्रति अपना जीवन समर्पित कर दिया। हमारे दादा गुरु दिग्विजयनाथ महाराज 1934 से ही मंदिर आंदोलन से जुड़े रहे। उन्होंने कहा कि कोर्ट ने मध्यस्थता के लिए टीम गठित की वो विफल रही। हम जानते थे इससे हल नहीं निकलने वाला। 6 अगस्त से प्रतिदिन सुनवाई होनी है। हमें लगता है। इस मामले में कोर्ट में जनभावनाओं का सम्मान किया जाएगा। जिस हक से अयोध्या को वंचित किया गया था,वो हक अयोध्या को मिलना चाहिए। अयोध्या जैसा इतिहास दुनिया मे कही नहीं है। अयोध्या में पहले त्योहारों पर कोई व्यवस्था नहीं होती थी। लेकिन पिछले 2 सालों में अयोध्या में हमने काफी कुछ बदला। जब लोगों ने अयोध्या की दीपावली को देखा तो लोग भावुक हो गए।

सीएम योगी ने कहा कि अयोध्या पर्यटन के लिहाज से महत्वपूर्ण जगह बने इस कार्ययोजना पर कार्य हो रहा है। राम मंदिर बने हर कोई चाहता है। लेकिन बड़े कार्य के लिए भूमिका भी बड़ी होनी चाहिए। यहां का नौजवान रोजगार के लिए बाहर क्यों जाए,जबकि उसके पास अयोध्या है। अयोध्या को उंचाईयों तक पहुंचाने के लिए हम काम कर रहे हैं। कुम्भ ने दुनिया के सामने अपनी छाप छोड़ी। अयोध्या में सफाई को लेकर विशेष पहल की ज़रूरत है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *